Singers: Mohd. Rafi and Asha Bhosle
दिल उसे दो जो जाँ दे दे
जाँ उसे दो जो दिल दे दे
ये प्यार के नज़ारे हैं देख लो जिधर
अब नाचती है दुनिया ख़ुशी का है असर
लो ख़त्म हुआ है ये आज का सफ़र
अब होगी सुहानी वो कल की सहर
जो सोचते रहोगे तो कुछ न मिलेगा
जो चुपके रहोगे तो काम न बनेगा
जो दिल में जलोगे तो अरमाँ जलेगा
जो बढ़ते चलोगे तो रास्ता मिलेगा
वो गुंचा नहीं है जो खिलना न जाने
वो बाद-ए-सबा क्या जो चलना न जाने
वो बिजली नहीं जो चमकना न जाने
वो इंसान नहीं जो तड़पना न जाने
Monday, November 22, 2010
आज मदहोश हुआ जाए रे
Singers: Kishore Kumar and Lata Mangeshkar
आज मदहोश हुआ जाए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
बिना ही बात मुस्कुराए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
ओ री कली सजा तू डोली
ओ री लहर पहना तू पायल
ओ री नदी दिखा तू दर्पन
ओ री किरण ओड़ा तू आँचल
इक जोगन है बनी आज दुल्हन हो
आओ उड़ जाएं कहीं बनके पवन हो
शरारत करने को ललचाए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
ऐ, यहाँ हमें ज़माना देखे
तो
आओ चलो कहीं छुप जाएं
अच्छा
यहाँ हमें ज़माना देखे
आओ चलो कहीं छुप जाएं
भीगा भीगा नशीला दिन है
कैसे कहो प्यासे रह पाएं
तू मेरी मैं हूँ तेरा तेरी क़सम हो
मैं तेरी तू है मेरा मेरी क़सम हो
रोम रोम बहे सुर धारा
अंग अंग बजे शहनाई
जीवन सारा मिला एक पल में
जाने कैसी घड़ी ये आई
छू लिया आज मैंने सारा गगन हो
नाचे मन आज मोरा झूम छनन हो
आज मदहोश हुआ जाए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
बिना ही बात मुस्कुराए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
ओ री कली सजा तू डोली
ओ री लहर पहना तू पायल
ओ री नदी दिखा तू दर्पन
ओ री किरण ओड़ा तू आँचल
इक जोगन है बनी आज दुल्हन हो
आओ उड़ जाएं कहीं बनके पवन हो
शरारत करने को ललचाए रे
मेरा मन मेरा मन मेरा मन
ऐ, यहाँ हमें ज़माना देखे
तो
आओ चलो कहीं छुप जाएं
अच्छा
यहाँ हमें ज़माना देखे
आओ चलो कहीं छुप जाएं
भीगा भीगा नशीला दिन है
कैसे कहो प्यासे रह पाएं
तू मेरी मैं हूँ तेरा तेरी क़सम हो
मैं तेरी तू है मेरा मेरी क़सम हो
रोम रोम बहे सुर धारा
अंग अंग बजे शहनाई
जीवन सारा मिला एक पल में
जाने कैसी घड़ी ये आई
छू लिया आज मैंने सारा गगन हो
नाचे मन आज मोरा झूम छनन हो
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दिल का भंवर करे पुकार
Singer: Mohd. Rafi
दिल का भंवर करे पुकार
प्यार का राग सुनो, प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
फूल तुम गुलाब का, क्या जवाब आपका
जो अदा है वो बहार है
आज दिल की बेकली, आ गई ज़बान पर
बात ये है तुमसे प्यार है
दिल तुम्हीं को दिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
चाहे तुम मिटाना, पर न तुम गिराना
आँसू की तरह निगाह से
प्यार की उँचाई, इश्क़ की गहराई
पूछ लो हमारी आह से
आसमाँ छू लिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
इस हसीन उतार पे हम न बैठे हार के
साया बन के साथ हम चले
आज मेरे संग तू गूँजे दिल की आरज़ू
तुझसे मेरी आँख जब मिले
जाने क्या कर दिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
आप का ये आँचल, प्यार का ये बादल
फिर हमें ज़मीं पे ले चला
अब तो हाथ थाम लो, इक नज़र का जाम दो
इस नये सफ़र का वास्ता
तुम मेरे साक़िया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
दिल का भंवर करे पुकार
प्यार का राग सुनो, प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
फूल तुम गुलाब का, क्या जवाब आपका
जो अदा है वो बहार है
आज दिल की बेकली, आ गई ज़बान पर
बात ये है तुमसे प्यार है
दिल तुम्हीं को दिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
चाहे तुम मिटाना, पर न तुम गिराना
आँसू की तरह निगाह से
प्यार की उँचाई, इश्क़ की गहराई
पूछ लो हमारी आह से
आसमाँ छू लिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
इस हसीन उतार पे हम न बैठे हार के
साया बन के साथ हम चले
आज मेरे संग तू गूँजे दिल की आरज़ू
तुझसे मेरी आँख जब मिले
जाने क्या कर दिया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
आप का ये आँचल, प्यार का ये बादल
फिर हमें ज़मीं पे ले चला
अब तो हाथ थाम लो, इक नज़र का जाम दो
इस नये सफ़र का वास्ता
तुम मेरे साक़िया रे
प्यार का राग सुनो रे, ऊ ऊ ऊ
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Sunday, November 21, 2010
मेरे नैना सावन भादों
Singer: Kishore Kumar
मेरे नैना सावन भादों,
फिर भी मेरा मन प्यासा, फिर भी मेरा मन प्यासा
ऐ दिल दीवाने, खेल है क्या जाने
दर्द भरा ये, गीत कहाँ से
इन होंठों पे आए, दूर कहीं ले जाए
भूल गया क्या, भूल के भी है
मुझको याद ज़रा सा, फिर भी मेरा मन प्यासा
बात पुरानी है, एक कहानी है
अब सोचूँ तुम्हें, याद नहीं है
अब सोचूँ नहीं भूले, वो सावन के झूले
रुत आये रुत जाये देकर
झूठा एक दिलासा, फिर भी मेरा मन प्यासा
बरसों बीत गए, हमको मिले बिछड़े
बिजुरी बनकर, गगन पे चमके
बीते समय की रेखा, मैं ने तुम को देखा
मन संग आँख-मिचौली खेले
आशा और निराशा, फिर भी मेरा मन प्यासा
मेरे नैना सावन भादों,
फिर भी मेरा मन प्यासा, फिर भी मेरा मन प्यासा
ऐ दिल दीवाने, खेल है क्या जाने
दर्द भरा ये, गीत कहाँ से
इन होंठों पे आए, दूर कहीं ले जाए
भूल गया क्या, भूल के भी है
मुझको याद ज़रा सा, फिर भी मेरा मन प्यासा
बात पुरानी है, एक कहानी है
अब सोचूँ तुम्हें, याद नहीं है
अब सोचूँ नहीं भूले, वो सावन के झूले
रुत आये रुत जाये देकर
झूठा एक दिलासा, फिर भी मेरा मन प्यासा
बरसों बीत गए, हमको मिले बिछड़े
बिजुरी बनकर, गगन पे चमके
बीते समय की रेखा, मैं ने तुम को देखा
मन संग आँख-मिचौली खेले
आशा और निराशा, फिर भी मेरा मन प्यासा
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आगे भी जाने न तू, पीछे भी जाने न तू
Singer: Asha Bhosle
आगे भी जाने न तू, पीछे भी जाने न तू
जो भी है, बस यही एक पल है
अंजाने सायों का राहों में डेरा है
अन्देखी बाहों ने हम सबको घेरा है
ये पल उजाला है बाक़ी अंधेरा है
ये पल गँवाना न ये पल ही तेरा है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
इस पल के जलवों ने महफ़िल संवारी है
इस पल की गर्मी ने धड़कन उभारी है
इस पल के होने से दुनिया हमारी है
ये पल जो देखो तो सदियों पे भारी है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
इस पल के साए में अपना ठिकाना है
इस पल के आगे की हर शय फ़साना है
कल किसने देखा है कल किसने जाना है
इस पल से पाएगा जो तुझको पाना है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
आगे भी जाने न तू, पीछे भी जाने न तू
जो भी है, बस यही एक पल है
अंजाने सायों का राहों में डेरा है
अन्देखी बाहों ने हम सबको घेरा है
ये पल उजाला है बाक़ी अंधेरा है
ये पल गँवाना न ये पल ही तेरा है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
इस पल के जलवों ने महफ़िल संवारी है
इस पल की गर्मी ने धड़कन उभारी है
इस पल के होने से दुनिया हमारी है
ये पल जो देखो तो सदियों पे भारी है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
इस पल के साए में अपना ठिकाना है
इस पल के आगे की हर शय फ़साना है
कल किसने देखा है कल किसने जाना है
इस पल से पाएगा जो तुझको पाना है
जीनेवाले सोच ले यही वक़्त है कर ले पूरी आरज़ू
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हाथ छूटे भी तो रिश्ते नहीं छोड़ा करते
Singer: Jagjit Singh
हाथ छूटे भी तो रिश्ते नहीं छोड़ा करते
वक़्त की शाख़ से लम्हें नहीं तोड़ा करते
जिस की आवाज़ में सिलवट हो निगाहों में शिकन
ऐसी तस्वीर के टुकड़े नहीं जोड़ा करते
शहद जीने का मिला करता है थोड़ा थोड़ा
जाने वालों के लिये दिल नहीं थोड़ा करते
लग के साहिल से जो बहता है उसे बहने दो
ऐसे दरिया का कभी रुख़ नहीं मोड़ा करते
हाथ छूटे भी तो रिश्ते नहीं छोड़ा करते
वक़्त की शाख़ से लम्हें नहीं तोड़ा करते
जिस की आवाज़ में सिलवट हो निगाहों में शिकन
ऐसी तस्वीर के टुकड़े नहीं जोड़ा करते
शहद जीने का मिला करता है थोड़ा थोड़ा
जाने वालों के लिये दिल नहीं थोड़ा करते
लग के साहिल से जो बहता है उसे बहने दो
ऐसे दरिया का कभी रुख़ नहीं मोड़ा करते
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jagjit singh
हर घड़ी ख़ुद से उलझना है मुक़द्दर मेरा
Singer: Jagjit Singh
हर घड़ी ख़ुद से उलझना है मुक़द्दर मेरा
मैं ही कश्ती हूँ मुझी में है समंदर मेरा
एक से हो गए मौसमों के चेहरे सारे
मेरी आँखों से कहीं खो गया मंज़र मेरा
किससे पूछूँ कि कहाँ गुम हूँ कई बरसों से
हर जगह ढूँढता फिरता है मुझे घर मेरा
हर घड़ी ख़ुद से उलझना है मुक़द्दर मेरा
मैं ही कश्ती हूँ मुझी में है समंदर मेरा
एक से हो गए मौसमों के चेहरे सारे
मेरी आँखों से कहीं खो गया मंज़र मेरा
किससे पूछूँ कि कहाँ गुम हूँ कई बरसों से
हर जगह ढूँढता फिरता है मुझे घर मेरा
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